बैकुंठपुर (कोरिया)। लोक निर्माण विभाग मनेन्द्रगढ़ के अंतर्गत बैकुंठपुर उपसंभाग में कार्यरत अस्थायी श्रमिकों को अक्टूबर 2025 माह का वेतन अब तक नहीं मिला है, जिससे श्रमिकों में भारी नाराजगी है। विभागीय प्रक्रिया के अनुसार श्रमिकों का भुगतान एलओसी आने के बाद तुरंत किया जाना चाहिए था, लेकिन उपसंभाग में एलओसी 5 अक्टूबर को ही खाते में आ गया था। इसके बावजूद 18 नवंबर तक वेतन जारी नहीं किया गया। जानकारी के अनुसार मस्टररोल भी तैयार है, फिर भी वेतन अटका हुआ है।
विभागीय सूत्रों का कहना है कि वेंडर रजिस्ट्रेशन (KYC/अपडेट) की प्रक्रिया समय पर पूरी नहीं होने के कारण भुगतान में देरी हो रही है। सवाल यह उठ रहा है कि जब सभी दस्तावेज और मस्टररोल समय पर बन चुके थे, तो वेंडर रजिस्ट्रेशन जैसे औपचारिक कार्य को लेकर इतनी लापरवाही क्यों बरती गई? श्रमिकों का आरोप है कि जिम्मेदार अधिकारियों की उदासीनता के कारण मजदूरों को आर्थिक संकट झेलना पड़ रहा है। कई श्रमिकों ने कहा कि त्योहारों के समय भी विभाग वेतन जारी करने में लापरवाही दिखाता है, जो पूरी तरह अनुचित है।
आपको बता दे कोरिया जिले के विभाजन के बाद मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिला अस्तित्व में आ गया, लेकिन लोक निर्माण विभाग का संचालन अभी भी मनेन्द्रगढ़ से ही हो रहा है। लोक निर्माण विभाग के कार्यपालन अधिकारी सिर्फ टीएल (टाइम-लिमिट) मीटिंग के दौरान ही कोरिया में दिखाई देते हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि विभागीय नियंत्रण दूर से किए जाने के कारण न केवल भुगतान प्रभावित हो रहा है बल्कि निर्माण कार्य भी भगवान भरोसे चल रहे हैं। श्रमिकों ने मांग की है कि जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की जाए और वेतन तत्काल जारी कराया जाए।

