कोरिया, 27 अप्रैल 2026। गो संरक्षण एवं संवर्धन को लेकर एक संगठन द्वारा राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपते हुए गोवंश को “राष्ट्रमाता” का संवैधानिक दर्जा देने की मांग उठाई गई है। ज्ञापन तहसीलदार व एसडीएम के माध्यम से भेजा गया, जिसमें भारतीय संविधान के अनुच्छेद 48 एवं 51A(g) की मूल भावना के अनुरूप देशभर में गोवंश संरक्षण के लिए ठोस कदम उठाने का आग्रह किया गया है।
तहसील प्रमुख रिचेश सिंह ने बताया कि ज्ञापन में कहा गया है कि गोवंश भारतीय ग्रामीण अर्थव्यवस्था और सांस्कृतिक परंपरा का महत्वपूर्ण आधार रहा है, लेकिन वर्तमान में दुर्घटनाओं, तस्करी और अवैध वध के कारण इसकी स्थिति चिंताजनक होती जा रही है। संगठन ने मांग की है कि गोवंश की सुरक्षा और संवर्धन के लिए केंद्र स्तर पर “केंद्रीय गोसेवा मंत्रालय” का गठन किया जाए तथा एक समान और सख्त केंद्रीय कानून बनाया जाए, जिससे पूरे देश में प्रभावी रूप से संरक्षण सुनिश्चित हो सके।
संगठन ने यह भी उल्लेख किया कि संविधान के नीति निदेशक तत्वों में राज्य को गायों और अन्य दुधारू पशुओं के संरक्षण के लिए विशेष प्रावधान करने का निर्देश दिया गया है, लेकिन अब तक इसका पूर्ण क्रियान्वयन नहीं हो सका है। ज्ञापन के माध्यम से सरकार से अपील की गई है कि इस दिशा में ठोस और निर्णायक पहल कर देश के गोवंश की रक्षा सुनिश्चित की

